Skip to main content

Posts

Showing posts with the label Do You Know

Independence Day : तिरंगे का अपमान करने पर हो सकती है 3 साल की जेल, फोल्ड करने का सही तरीका, झंडे का आकार

Independence Day : तिरंगे का अपमान करने पर हो सकती है 3 साल की जेल, ये हैं फोल्ड करने का सही तरीका  15 अगस्त यानी स्वतंत्रता दिवस के मौके पर सभी ने तिरंगे झंडे के साथ जश्न मनाया होगा। किसी ने घर की छत पर फहराया होगा तो कोई शान से तिरंगा सीने पर पहनकर घूमा होगा। बच्चों को छोटे-छोटे तिरंगे हाथ में लिए स्कूल जाते देखा ही होगा। पर क्या आप जानते हैं कि राष्ट्रीय ध्वज यानी तिरंगे झंडे को संभालकर और उतारकर रखने के भी कुछ नियम हैं। न सिर्फ इतना बल्कि अगर झंडा पुराना या कट फट जाए तो इसे नष्ट करने का भी तरीका है, आइए जानते हैं तिरंगे से जुड़े नियमों के बारें में... >> झंडा, गंदा या कट-फट गया हो तो क्या करें? << कोशिश करें कि झंडे को कोई नुकसान न हो। अगर कोई नुकसान पहुंच जाता है तो प्राइवेट तरीके से यानी एकांत में इसे नष्ट कर सकते हैं। गाइडलाइन के अनुसार राष्ट्रीय ध्वज के निस्तारण के दो तरीके हैं।  एक दफन करना और दूसरा जलाना। बेहद गंदे या किसी कारण फट गए राष्ट्रीय ध्वज को दफन करने के लिए लकड़ी का ही बॉक्स लेना होगा। इसमें तिरंगे को सम्मानपूर्वक तह लगाकर रखना होगा। फिर इस बॉक्...

राष्ट्रीय गीत 'वन्दे मातरम्' का अर्थ और इतिहास

राष्ट्रीय गीत 'वन्दे मातरम्' का अर्थ और इतिहास राष्ट्रीय गीत वन्दे मातरम् को हमारे देश में बहुत महत्व दिया जाता है। यह गीत बंकिम चंद्र चटर्जी द्वारा लिखा गया तथा इस गीत को बंकिमचन्द्र चटर्जी के उपन्यास आनंदमठ से लिया गया था तथा इसका प्रकाशन सन् 1882 में हुआ था। उसके बाद स्वतंत्रता मिलने के बाद 24 जनवरी 1950 में इस गीत को राष्ट्रीय गीत के रूप में संविधान सभा में राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद द्वारा स्वीकार कर लिया गया। 🇮🇳 वन्दे मातरम् 🇮🇳 सुजलां सुफलां मलयजशीतलां शस्यश्यामलां मातरम्! शुभ-ज्योत्सना-पुलकित-यामिनीम् फुल्ल-कुसुमित-द्रमुदल शोभिनीम् सुहासिनी सुमधुर भाषिणीम् सुखदां वरदां मातरम्! सन्तकोटिकंठ-कलकल-निनादकराले द्विसप्तकोटि भुजैर्धृतखरकरबाले अबला केनो माँ एतो बले। बहुबलधारिणीं नमामि तारिणीं रिपुदल वारिणीं मातरम्! तुमि विद्या तुमि धर्म तुमि हरि तुमि कर्म त्वम् हि प्राणाः शरीरे। बाहुते तुमि मा शक्ति हृदये तुमि मा भक्ति तोमारइ प्रतिमा गड़ि मंदिरें-मंदिरे। त्वं हि दूर्गा दशप्रहरणधारिणी कमला कमल-दल विहारिणी वाणी विद्यादायिनी नवामि त्वां नवामि कमलाम् अमलां अतुलाम् सुजलां सुफल...

नई दिल्ली का इतिहास: सत्ता, साम्राज्य और समय की कहानी History of New Delhi: A Story of Power, Empire, and Time

स्वतंत्रता दिवस विशेष एक शहर, अनगिनत साम्राज्य... स्वतंत्रता की कहानी बयां करती है दिल्ली मैं नई दिल्ली हूं... 100 साल पहले मिला था नाम, मैं आजादी के संघर्ष की गवाह हूं। राजगोपाल सिंह वर्मा इतिहासवेत्ता एवं शोधकर्ता, इतिहास पर 30 से अधिक पुस्तकों के लेखक मैं दिल्ली हूं। हर 15 अगस्त को जब लाल किले से तिरंगा लहराता है, करोड़ों आंखें मेरी ओर उठती हैं। तब लोग मुझे राजधानी कहते हैं। लेकिन मैं केवल राजधानी नहीं हूं... मैं वह दिल्ली हूं जिसने साम्राज्यों का उत्थान-पतन, गुलामी और आजादी—सब देखा है। मेरी उम्र किसी सरकारी कागज में दर्ज नहीं। मेरी पुरानी यादों में इंद्रप्रस्थ का नाम आता है, लेकिन इतिहास की साफ रोशनी में मेरी पहचान तोमर राजाओं के समय उभरती है। अनंगपाल तोमर से लालकोट का नाम जुड़ा है, जिसे अरावली की पहाड़ियों के पास दीवारों से घेरा गया। बाद में चौहानों ने इसे फैलाया और किला राय पिथौरा बना। आज उन दीवारों के बचे पत्थर बताते हैं कि मेरी कहानी केवल सल्तनत और मुगलों से शुरू नहीं होती। मेरी रगों में पुराने नगर ढिल्लिका की भी धड़कन है, चौकियां हैं, तालाब हैं और हिल्लिका नाम की एक पुरान...

Download: Information Collection Proforma for 40 Questions and Census 2027 Gazette Notification

जनगणना 2027 / CENSUS 2027 Ministry of Home Affairs Office of the Registrar General, India Gazette Notification for Household schedule/questionnaire of Population Enumeration of Census of India, 2027 Part II-Section 3-Sub-Section (ii)  Publish Date 14-Aug-2026  Gazette ID CG-DL-E-14082026-275454 👉 Video Regarding -  Census 2027 Gazette Notification | 40 Questions | Information Collection Proforma | Download Now 🔗 https://youtu.be/DPSBV8htZkA 👉 Download Gazette Notification 🔗 https://egazette.gov.in/(S(hs2k05zttrn43alxragng2vw))/ViewPDF.aspx 👉 Download: Census 2027 Information Collection Proforma 👉 Download: Information Collection Proforma for 40 Questions 🔗 https://abhimanyusir.blogspot.com/2026/08/download-information-collection.html 👉 Download: Census 2027 Information Collection Proforma 👉 Download: Census 2027 Information Collection Proforma द्विभाषी परिवार अनुसूची प्रपत्र / Bilingual Household Schedule Proforma परिवार/Household No.: ______________...

लिनेन क्या होता है? यह कैसे बनता है? What is linen? How is it made?

लिनेन (Linen) एक प्रकार का कपड़ा है जो फ्लैक्स (Flax) पौधे के तने के रेशों से बनाया जाता है। 🌿 लिनेन कैसे बनता है? मुख्य प्रक्रिया इस तरह होती है: फ्लैक्स पौधे की खेती की जाती है। पौधे को काटकर उसके तने से रेशे निकाले जाते हैं। रेशों को सुखाकर और साफ करके लंबे, मजबूत रेशे तैयार किए जाते हैं। इन रेशों को काता (spin) जाता है और धागा बनाया जाता है। धागे की बुनाई (weaving) करके लिनेन का कपड़ा तैयार होता है। 🌱 क्या लिनेन प्राकृतिक है? हाँ, लिनेन प्राकृतिक (natural) फाइबर है। यह किसी कृत्रिम रसायन से बनाया गया सिंथेटिक फाइबर नहीं है। तुलना के लिए: लिनेन → फ्लैक्स पौधे से 🌿 → प्राकृतिक कॉटन → कपास के पौधे से 🌱 → प्राकृतिक पॉलिएस्टर → पेट्रोलियम-आधारित रसायनों से → मानव-निर्मित/सिंथेटिक नायलॉन → रासायनिक प्रक्रिया से → मानव-निर्मित/सिंथेटिक लिनेन की खासियत यह है कि यह गर्म मौसम में ठंडा और हवादार महसूस होता है , इसलिए गर्मियों के कपड़ों में इसका काफी इस्तेमाल होता है। 🌐 Visit Our Blog: https://abhimanyusir.blogspot.com/ Search Me On Google Using Keywo...

प्रोटेस्ट पिटीशन क्या है? What is a protest petition?

Protest Petition (प्रोटेस्ट पेटिशन) - यह आपराधिक मामलों में इस्तेमाल होने वाली एक कानूनी अर्जी है। जब पुलिस किसी शिकायत/FIR की जाँच के बाद Final Report/Closure Report अदालत में दाखिल करती है और शिकायतकर्ता उससे असहमत होता है, तो वह अदालत में Protest Petition देकर कह सकता है कि: पुलिस की जाँच सही नहीं हुई, आरोपी के खिलाफ पर्याप्त सामग्री है, या मामले की आगे जाँच/संज्ञान लिया जाना चाहिए। अदालत इस पेटिशन और केस के रिकॉर्ड को देखकर उचित आदेश दे सकती है। 🌐 Visit Our Blog: https://abhimanyusir.blogspot.com/ Search Me On Google Using Keywords: - #Abhimanyusir #AbhimanyuDahiya #UltimateGeography Abhimanyu Sir   Visit My YouTube Channel Using Keywords: - Abhimanyu Sir Dahiya, Abhimanyu Dahiya Ultimate Geography

Indian Civil Service (ICS) Exam से आज़ादी की राह तक: सत्येंद्रनाथ टैगोर और सुभाष चंद्र बोस के रोचक किस्से

सत्येंद्रनाथ टैगोर और सुभाष चंद्र बोस, दोनों ने ब्रिटिश शासन के दौर में Indian Civil Service (ICS) की प्रतियोगी परीक्षा पास की थी। लेकिन दोनों की कहानी का अंत बिल्कुल अलग रहा। एक जरूरी सुधार: आज जिसे हम IAS कहते हैं, वह स्वतंत्र भारत की सेवा है। उस समय सेवा का नाम ICS (Indian Civil Service) था। स्वतंत्रता के बाद ICS की जगह IAS जैसी सेवाएँ बनीं। 1. सत्येंद्रनाथ टैगोर: पहले भारतीय जिन्होंने ICS पास किया सत्येंद्रनाथ टैगोर (1842–1923) रवींद्रनाथ टैगोर के बड़े भाई थे। वे 1863 में ICS परीक्षा पास करने वाले पहले भारतीय बने। उस समय परीक्षा लंदन में होती थी, इसलिए एक भारतीय युवक के लिए यह सिर्फ पढ़ाई की परीक्षा नहीं, बल्कि विदेश जाकर ब्रिटिश व्यवस्था के सबसे ऊँचे प्रशासनिक पदों में प्रवेश करने की असाधारण चुनौती थी। दिलचस्प किस्सा: वे 1862 में इंग्लैंड गए और प्रशिक्षण पूरा करके 1864 में भारत लौटे। उनकी पहली महत्वपूर्ण नियुक्तियों में अहमदाबाद में Assistant Magistrate और Collector का काम शामिल था। लेकिन सत्येंद्रनाथ केवल सरकारी अफसर बनकर नहीं रह गए। वे लेखक, कवि, भाषाविद् और सामाजिक सुधारक...

मंगल ग्रह पर दिखा ‘इंसान’? NASA की तस्वीर ने मचाया तहलका, जानिए क्या है पैरिडोलिया! What is Pareidolia?

हमारे दिमाग की एक ऐसी आदत होती है, जो किसी भी रैंडम या बेतरतीब चीज में इंसानी चेहरे या शरीर की आकृति ढूंढने लगता है, विज्ञान की भाषा में इसे 'पैरिडोलिया' कहते हैं। जैसे -  नासा के स्पिरिट रोवर ने नवंबर 2007 में मंगल ग्रह के गुसेव क्रेटर में स्थित होम प्लेट नाम की जगह से खींची थी। इस तस्वीर में चट्टानों के बीच एक अजीब सी आकृति दिखाई देती है, जिसके दोनों हाथ फैले हुए हैं और उसका एक पैर आगे की तरफ है, मानों वह शख्स मंगल ग्रह की लाल धूल पर कदम से कदम मिलाकर टहल रहा हो।  Our brains have a tendency to perceive human faces or body shapes in random or unstructured objects; in scientific terms, this is known as 'pareidolia.' A classic example comes from a photo taken by NASA's Spirit rover in November 2007 at a site called 'Home Plate' within Mars' Gusev Crater. The image reveals a strange figure amidst the rocks—arms outstretched and one leg stepping forward—appearing as though a person is strolling across the red Martian dust. इंटरनेट यूजर्स और यूएफओ के शौकीनो...

सीधी कमर, बेहतर काम: सही बैठने से मूड, फैसले और आत्मविश्वास में सुधार Straight Back, Better Work: Proper Sitting Improves Mood, Decision-Making, and Confidence

बैठने के तरीके के असर पर रिसर्च: सीधे बैठने वालों ने जोखिम के काम में अच्छे नतीजे हासिल किए कुर्सी पर सीधे बैठने से मूड बेहतर व फैसले लेने की क्षमता में सुधार होता है; कार्यस्थल पर प्रोडक्शन बढ़ता है... और आत्मविश्वास भी बना रहता है भास्कर न्यूज़ | वॉशिंगटन अगर आप ऑफिस या घर में काम करते वक्त कुर्सी पर झुककर या सुस्त होकर बैठते हैं, तो यह आदत तुरंत बदल लीजिए, क्योंकि कुर्सी पर बैठने का तरीका केवल शरीर की मुद्रा नहीं, मानसिक स्थिति और फैसले लेने के तरीके को भी प्रभावित करता है। कनाडा की मैकगिल यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने इस बारे में बड़ा खुलासा किया है। शोधकर्ताओं के अनुसार, सिर्फ सीधे बैठकर काम करने से ही आपका मूड बेहतर हो सकता है और आप जीवन में ज्यादा सही व सटीक फैसले ले सकते हैं। ब्रिटिश जर्नल ऑफ साइकोलॉजी में प्रकाशित इस स्टडी में पाया गया कि बैठने का सही पॉश्चर (मुद्रा) न केवल शारीरिक आराम देता है, बल्कि यह हमारे दिमाग के काम करने के तरीके को भी गहराई से प्रभावित करता है। मैकगिल यूनिवर्सिटी के साइकोलॉजी विभाग के प्रोफेसर जॉर्ज अरमोनी और शोधकर्ता सोरेन वेनियो-थे बर्ज की टीम ने बै...

कोलंबिया में क्यों आते हैं इतने भूकंप? 7.4 तीव्रता के झटके ने मचाई तबाही Why does Colombia experience so many earthquakes? 7.4-magnitude tremor wreaks havoc.

10.08.2026 सोमवार सुबह करीब 7 बजे  दक्षिण अमेरिकी देश कोलंबिया में 7.4 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया। इसमें अब तक 20 लोगों की मौत हो गई हैं। अमेरिकी भूगर्भ सर्वेक्षण (USGS) के मुताबिक, भूकंप का केंद्र राजधानी बोगोटा से करीब 400 किलोमीटर पश्चिम में पालमार इलाके में था। इसके झटके पड़ोसी देश इक्वाडोर और वेनेजुएला तक महसूस किए गए। कोलंबिया में ज्यादा भूकंप क्यों आते हैं कोलंबिया दुनिया के सबसे ज्यादा भूकंप प्रभावित देशों में से एक है। यहां हर साल हजार से ज्यादा छोटे-बड़े भूकंप आते हैं। कोलंबिया में बार-बार भूकंप आने की सबसे बड़ी वजह इसकी भौगोलिक स्थिति है। यह देश 'रिंग ऑफ फायर' नाम के भूकंप और ज्वालामुखी वाले क्षेत्र में आता है। यहां नाजका, कोकोस और दक्षिण अमेरिकी जैसी कई बड़ी टेक्टोनिक प्लेटें आपस में टकराती हैं। इनमें से एक प्लेट दूसरी के नीचे धंसती रहती है। इसी वजह से जमीन के अंदर लगातार हलचल होती रहती है, जिससे अक्सर तेज भूकंप और ज्वालामुखी विस्फोट होते हैं। Colombia earthquakes (7.4-magnitude) Causes Ring of Fire अब तक के 5 बड़े भूकंप  🌐 Visit Our Blog: https://abhimanyus...